जयपुर, 19 फरवरी 2026।भारतीय वायुसेना की प्रतिष्ठित एरोबैटिक टीमें Indian Air Force की Surya Kiran Aerobatic Team और Sarang Helicopter Display Team ने गुरुवार को जयपुर में युवाओं से संवाद कर राष्ट्रसेवा, अनुशासन और उत्कृष्टता का संदेश दिया। कार्यक्रम का आयोजन Harish Chandra Mathur Rajasthan State Institute of Public Administration (एचसीएम रीपा) के भगवत सिंह मेहता सभागार में हुआ, जिसमें एनसीसी कैडेट्स, विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राएं और मूक-बधिर विद्यार्थी शामिल हुए।
करियर, अनुशासन और टीमवर्क पर विशेष चर्चा
पायलटों ने विद्यार्थियों को वायुसेना में करियर के अवसर, कठोर प्रशिक्षण प्रक्रिया, टीमवर्क और समर्पण के महत्व की जानकारी दी। साथ ही 20 और 22 फरवरी को जल महल की पाल पर प्रस्तावित भव्य एयर शो के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि यह आयोजन जयपुरवासियों के लिए भारतीय वायुसेना की साहसिक क्षमता और सटीक उड़ान कौशल को करीब से देखने का सुनहरा अवसर होगा।
सूर्य किरण: एशिया की अनूठी नौ-विमान टीम
वर्ष 1996 में स्थापित सूर्य किरण एरोबैटिक टीम एशिया की एकमात्र नौ-विमान एरोबैटिक टीम है। यह टीम लाल-सफेद रंग के आकर्षक BAE Systems Hawk Mk-132 जेट विमानों से लूप, बैरल रोल, उलटी उड़ान और लोकप्रिय ‘डीएनए’ संरचना जैसे रोमांचक करतब प्रस्तुत करती है। 800 से अधिक प्रदर्शनों के जरिए टीम चीन, श्रीलंका, म्यांमार, थाईलैंड, सिंगापुर और संयुक्त अरब अमीरात सहित कई देशों में भारतीय वायुसेना की पेशेवर दक्षता का प्रदर्शन कर चुकी है।
टीम में 14 पायलट शामिल हैं। टीम लीडर ग्रुप कैप्टन अजय दसरथी और डेप्यूटी लीडर विंग कमांडर तेजेश्वर सिंह हैं। उल्लेखनीय है कि विंग कमांडर राजेश काजला, विंग कमांडर अंकित वशिष्ठ और स्क्वाड्रन लीडर संजेश सिंह जयपुर से ही हैं। हाल ही में स्वदेशी स्मोक पॉड्स का एकीकरण किया गया है, जिससे आकाश में तिरंगे की मनमोहक छटा बिखेरी जा सकेगी।
सारंग: रंग-बिरंगी हेलिकॉप्टर प्रस्तुति का आकर्षण
सारंग हेलिकॉप्टर डिस्प्ले टीम वर्ष 2004 में सिंगापुर में पहली अंतरराष्ट्रीय प्रस्तुति के बाद से 1200 से अधिक शो कर चुकी है। टीम स्वदेशी HAL Dhruv (ध्रुव) हेलिकॉप्टर का संचालन करती है, जिसे हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड द्वारा डिजाइन एवं विकसित किया गया है। सर्व-मौसम और बहु-उद्देश्यीय क्षमता वाला यह हेलिकॉप्टर ‘आत्मनिर्भर भारत’ का प्रतीक है।
20 फरवरी तक अभ्यास उड़ानों के बाद 22 फरवरी को जलमहल के ऊपर पाँच हेलिकॉप्टरों का सामूहिक प्रदर्शन जयपुरवासियों के लिए खास आकर्षण रहेगा।
“सदैव सर्वोत्कृष्ट” का संदेश
दोनों टीमों का आदर्श वाक्य “सदैव सर्वोत्कृष्ट” उत्कृष्टता, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति की भावना को दर्शाता है। संवाद कार्यक्रम ने युवाओं में नई ऊर्जा और प्रेरणा का संचार किया। अब जयपुर का आसमान 20 और 22 फरवरी को देशभक्ति और रोमांच से सराबोर नजर आएगा।




